बोलती है मूर्ती बुलाके देखिये
भावना में भाव ना हो तो भावना बेकार हैऔर भावना में भाव हो तो भव से बेडा पार है भावना की ज्योति को जगा के देखियेबोलती है मूर्ती बुलाके देखियेसौ बार चाहे आज़मके देखियेबोलती है मूर्ती बुलाके देखिये करोगे जो सवाल तो जवाब मिलेगायहाँ पुण्य और पाप का हिसाब मिलेगाभले बुरे सबको पहचानते हैं वोतेरी … Read more