मैं तुम्हे कभी तो पाऊँगी
मैं तुम्हे कभी तो पाऊँगी,मैं तुम्हे कभी तो पाऊँगी,मेरे जन्मों के साथी सजन,मेरे जन्मों के साथी सजन,मै तुम्हे कभी तो पाऊँगी।। गोविन्द मैं तुम्हे कभी तो पाऊँगी,मेरे जन्मों के साथी सजन।। पग नूपुर की झंकारो से,भावो भरे मधुर इशारों से,साँसों के पंखो से उड़कर,तारों तक खोज लगाउंगी,मै तुम्हे कभी तो पाऊँगी।। गोविन्द मैं तुम्हे कभी … Read more