दानी तुम हो याचक हम हैं जो तुम संग हो तो क्या ग़म है …………
लाज मेरी तुमको बचानी
करदो हम पर महरबानी खाटू वाले शीश के दानी
कष्ट सबके मिटाते हो सबकी बिगड़ बनाते हो
हार होने लगे जिसकी उसे पल में जिताते हो
सारी दुनिया तुमको मानी खाटू वाले शीश के दानी
करदो हम पर महरबानी …………….
हुआ मैं तेरा दीवाना …..दीवाना….. दीवाना
कभी मुझको ना ठुकराना ………….ना ठुकराना
हुआ मैं तेरा दीवाना कभी मुझको ना ठुकराना
ज़माना आज देखेगा क्या होता है याराना
ओ याराना…….ओ याराना……….ओ याराना
तेरी मेरी प्रीत पुरानी खाटू वाले शीश के दानी
करदो हम पर महरबानी …………….
ज़िन्दगी में सबकी खुशहाली भर दो
राते सब कुशल की दिवाली कर दो
दिवाली कर दो ………..दिवाली कर दो ………दिवाली कर दो
तुमसे बड़ा ना कोई दानी