मेरी सुनलीजो पवनकुमार शरण मैं आन पड़ी
मेरी सुनलीजो पवनकुमारशरण मैं आन पड़ीएक दुखिया रही है पुकारशरण मैं आन पड़ी मेरी सुनलीजो पवनकुमारशरण मैं आन पड़ीएक दुखिया रही है पुकारशरण मैं आन पड़ी देखा तेरा धाम निरालाहे माता अंजनी के लाला तेरा सच्चा बड़ा दरबारीशरण मैं आन पड़ी मेरी सुनलीजो पवनकुमारशरण मैं आन पड़ी बाबा तू है करुणा दानीतेरी सबसे अलग कहानी … Read more