कितने गिनाऊ एहसान तूने किस्मत बदल दी मेरी संवारे
कितने गिनाऊ एहसान तूने किस्मत बदल दी मेरी संवारे लिरिक्स कितने गिनाऊ एहसान तूने किस्मत बदल दी मेरी संवारेलायक नही था फिर भी ना जाने मुझे में क्या ऐसा देखापापी अधम था तूने पलट दी मेरी कर्मो की रेखाजग में बडाया मेरा मानतूने किस्मत बदल दी मेरी संवारे, तेरी शरण में क्या मैं बताऊ मैंने … Read more