विश्वंभरी स्तुति – विश्वंभरी अखिल विश्वा तनी जनेता

विश्वंभरी अखिल विश्वा तनी जनेताविधया धरी वदंमा वसजो विधाता डोर बुधहिने डोर करी साद बुद्धि आपोमामपाही ओम भगवती भावा दुखा कापो भूलो पड़ी भावरने भतकु भवानीसुज़े नही लगीर कोई दिशा जवानी भासे भयंकर वाली मान ना उटापोमामपाही ओम भगवती भावा दुखा कापो आ रनकने उगरव नाती कोई आरोजन्मान्ड च्छू जननी हू ग्राही बाल तारो ना … Read more

सुन मेरी देवी पर्वत वासिनी कोई तेरा पार न पाया

सुन मेरी देवी पर्वत वासिनी कोई तेरा पार न पाया Sun Meri Devi Parvat Vasini Koi Tera Maine Paar Naa Paya सुन मेरी देवी पर्वत वासिनीकोई तेरा पार न पायापान सुपारी ध्वजा नारियलले तेरी भेंट चढ़ायासुन मेरी देवी पर्वत वासिनी सुवाचोली तेरी अंग विराजेकेसर तिलक लगायासुन मेरी देवी पर्वत वासिनीनंगे पग माँ अकबर आयासोने का … Read more

जय अम्बे गौरी मैया जय श्यामा गौरी हिंदी लिरिक्स

जय अम्बे गौरी मैया जय श्यामा गौरी,तुमको निशदिन ध्यावत हरि ब्रह्मा शिवरी,ॐ जय अम्बे गौरी।। मांग सिंदूर विराजत टीको मृगमद को,उज्ज्वल से दोउ नैना चंद्रवदन नीको,ॐ जय अम्बे गौरी।। कनक समान कलेवर रक्ताम्बर राजै,रक्तपुष्प गल माला कंठन पर साजै,ॐ जय अम्बे गौरी।। केहरि वाहन राजत खड्ग खप्पर धारी,सुर-नर-मुनिजन सेवत तिनके दुखहारी,ॐ जय अम्बे गौरी।। कानन … Read more