लाखों सर पे ये एहसान हैं

लाखों सर पे ये एहसान हैंचुकाना मुझ पे ना आसान हैदिलदार तू दिल खोल कर मुझपे यूँ मेहरबान हैलाखों सर पे ये एहसान हैं कुछ तो है सरकार तेरी सरकारी मेंयूँ ही झुकती नहीं दुनिया साड़ी येबना दी अनमोल उनकी ज़िन्दगी तूनेहुए थे जो नीलाम तेरी यारी मेंकोड़ी में भाव था जिनका उनका अमीर में … Read more