होगा प्यारे वोही जो श्री रामजी को भाएगा
ये चाँदनी भी जिनको छूते हुए डरती हैदुनिया उन्ही फूलो को पैरो से मसालती है शोहरत की बुलंदी तो पल भर का मज़ा हैजिस शाख पे बैठे हो वो टूट भी शक्ति है किया अभिमान तो फिर मान नही पाएगाहोगा प्यारे वोही जो श्री रामजी को भाएगा किया अभिमान तो फिर मान नही पाएगा,होगा प्यारे … Read more