निर्धन के घर भी आओ गजानन जोडूं मैं हाथ
निर्धन के घर भी आओ गजानन जोडूं मैं हाथ,गौरा माँ के राज दुलारे,शिव शंकर की आँख के तारे,सब गणों के नाथ कहाओ गजानन जोडूं मैं हाथ,निर्धन के घर भी आओ गजानन जोडूं मैं हाथ।। विघ्रन हरण मंगल के दाता,सबके हो तुम भाग्य विधाता,भटके को राह दिखाओ गजानन जोडूं मैं हाथ,निर्धन के घर भी आओ गजानन … Read more