हँसा के क्यों रुलाए रे रुलाए रै कन्हैयाँ ठाकुर मेरे ओ ठाकुर मेरे
हँसा के क्यों रुलाए रे रुलाए रै कन्हैयाँ ठाकुर मेरे ओ ठाकुर मेरे Thakur Mere Thakur Mere हँसा के क्यों रुलाए रे रुलाए रै कन्हैयाँ,ठाकुर मेरे, ओ ठाकुर मेरे,ठाकुर मेरे, ओ ठाकुर मेरे। रोके रुके ना आँख के आँसू,उमड़ उमड़ ये बरसे रै,तुझ बिन कौन सुनेगा मेरी,जाऊं कहाँ तेरे दर से रे,रुठ गई क्यों मुझसे … Read more