राधे दे दे बंसी मेरी
राधे दे दे बंसी मेरीकब से करू खुशमाद तेरी मैं हाथ जोड़ केप्राण बंसी में बसे है नंद किशोर के कान्हा ना दौ बंसी तेरीये तो बनी है सौतन मेरीरखी झट छ्होर केआज फेकुंगी मैं बंसी तेरी तोड़ के तेरे होत से लग केबंसी मेरो जिया जलवेउपर से तू जाके उसपर हाथ फिरावेचलती छुरिया मेरे … Read more