द्रोपदी हो दुखारी पुकारी यही श्याम तुम बिन हमारा सहारा नहीं
द्रोपदी हो दुखारी पुकारी यही, श्याम तुम बिन हमारा सहारा नहीं,लाज चली जाएगी ऐ विहारी मेरी नाथ दोगे जो हमको सहारा नहीं,द्रोपदी हो दुखारी पुकारी यही।। भीष्म कर्णआदि गुरु द्रोण बैठे सभी पर कोई ख्याल हमपे तो करता नहीं,मौन पांचो पति सर झुकाये हुए कह रहे जोर चलता हमारा नहीं,द्रोपदी हो दुखारी पुकारी यही।। Trending … Read more