जागो मेरी माँ अब खोलो ये अँखियाँ
थाल सज़ा के पूजा कीआई है सारी सखियाँशत शत नमन हैशत शत है वंदनजागो मेरी माँ अब खोलो ये अँखियाँ।। माँ पूजा की आई सारी सखियाँशत शत नमन हैशत शत है वंदनजागो मेरी मा अब खोलो ये अँखियाँ।। ओ देखो बोल रहे पंछी किलोल करे बालकबरचहरो को दूध पिलाने लगी गैया।। सूरज की लाली बिखरने … Read more