चाहे ज़माना रूठे पर ये लगन ना छूटे
चाहे ज़माना रूठे पर ये लगन ना छूटे,चाहे जमाना रूठे पर ये लगन ना छुटे,रहे साथ में सदा साँवरा साथ कभी ना छुटे,दुनियाँ ना मेरे किसी काम की,मैं तू दीवानी अपने श्याम की,चाहे ज़माना रूठे पर ये लगन ना छूटे।। श्याम है जबसे मन में समाया,कितनी बदल गई जीवन की छाया,हर सपना पूरा होने लगा … Read more