हे श्याम तेरी माया कोई जान नहीं पाए
हे श्याम तेरी माया कोई जान नहीं पाए,तू छाज से बस रीजे तुलसी पे बिक जाये, उस ने मित्र सुदामा की तकदीर बदल डाली,तेरे द्वार वो आया था लेकर झोली खाली,इक तंदुल के बदले त्रिकोल लुटा आई,हे श्याम तेरी माया कोई जान नहीं पाए इतनी वेहवव शाली कोई पार नहीं पाई,जिनका दर्शन करने त्रिलोकी खुद … Read more