माखन चुराए चुप के से आये नटखट नंदलाला
माखन चुराए चुप के सेआये नटखट नंदलाला,छुपा ले अपनी दही की मटकियांआ गया गोविंदा गोपाला।। हीरे न लुटे मोती न लुटे है ये चोर निराला,यहाँ दिखा माखन का छीका तोड़ दियां वही ताला,ग्वालो की टोली संग में लाये भोली सी सूरत वाला,सम्बल जा ओ भोली बाला,छुपा ले अपनी दही की मटकियांआ गया गोविंदा गोपाला।। इसकी … Read more