मेरे सँवारे का जलवा शरेआम चल रहा
मेरे सँवारे का जलवा शरेआम चल रहा,मुझे भीख मिल रही है मेरा काम चल रहा है।। मैंने जब भी यहाँ पुकारा तूने दे दिया सहारा,अब धुप में भी कान्हा मुझे छाव मिल रहा है,मेरे सँवारे का जलवा शरेआम चल रहा।। मुझे कौन जानता था तेरी बंदगी से पहले,बस आप के भरोसे मेरा नाम चल रहा … Read more