भंगियाँ घोट दूंगी घोट तेरी भोले नाथ
भंगियाँ घोट दूंगी घोट तेरी भोले नाथ Bhangiya Ghot Dungi Teri Bhole Nath मत न दूर करे मने भोले राख लो अपने,भंगियाँ घोट दूंगी घोट तेरी भोले नाथ।। मस्त रहो तुम भंगियाँ पी के बैठे लगा समाधि,हाथ जोड़ चरना में बैठी बाबा तेरी दासी,बड़े प्रेम से तने मनाओ पूरी करदो आस,भंगियाँ घोट दूंगी घोट तेरी … Read more