मत कर तू अभिमान रे बंदे जूठी तेरी शान रे
मत कर तू अभिमान रे बंदे जूठी तेरी शान रे Mat Kar Tu Abhiman Re Bande Juthi Teri Shaan Re मत कर तू अभिमान रे बंदे, जूठी तेरी शान रेमत कर तू अभिमान।। तेरे जैसे लाखों आये, लाखों इस माटी ने खाएरहा ना नाम निशान रे बंदे, मत कर तू अभिमान।। माया का अन्धकार निराला, … Read more