तेरे होते डूब रही है कश्ती श्याम बचा लो
तेरे होते डूब रही है कश्ती श्याम बचा लो,कोई नहीं है पास इक तुम्हारी आस,बिजली कड़के बादल गरजेतेज पावक है हवाये,हम कब हां ले जायेआओ चल कर माझी बन करअब पतवार समबालो,कश्ती श्याम बचालो।। खा रही हिचकोले इधर उधर डोले,हार गये हम कोशिश करके दूर बहुत है किनारे,आओ हारे के सहारे,तुम तो जादू गर हो … Read more