वनवास जा रहे है रघुवंश के दुलारे
वनवास जा रहे है रघुवंश के दुलारे,हारे है प्राण जिसने लेकिन वचन ना हारे,वनवास जा रहे हैं रघुवंश के दुलारे।। जननी ऐ जन्मभूमि हिम्मत से काम लेना,चौदह बरस है गम के इस दिल को थाम लेना,बिछड़े तो फिर मिलेंगे हम अंश है तुम्हारे,वनवास जा रहे हैं रघुवंश के दुलारे।। प्यारे चमन के फूलों तुम होंसला … Read more