दिल घबराये सांवरे मन व्याकुल हो जाए
दिल घबराये सांवरे मन व्याकुल हो जाए,हमको उम्मीदें एक तुम्ही से,आके क्यों ना धीर बँधाये।। किस बात की ये कैसी सज़ा है,तेरी रजा में अपनी रजा है,माना के देरी होती यहाँ है,पर सांवरे ये तो इंतहा है,दुनिया बड़ी रुलाती मुझे,अकेला समझ कर सताती मुझे,थक गए हम सितम सहते सहते,क्यों ना हमें तू हंसाये।। सभी ये … Read more