तू शबरी बन कर तो दिखा राम तेरे घर आयेगे
तू शबरी बन कर तो दिखा राम तेरे घर आयेगे,प्रेम अगर सचा है तो झूठे वेर भी खायेगे,तू शबरी बन कर तो दिखा राम तेरे घर आयेगे।। रघुनंद को करके वंदन पल को पट खोला कर,अपनी वाणी में ओ प्राणी राम नाम रस गोला कर,तेरी भावना के चन्दन का राघव तिलक लगायेगे,तू शबरी बन कर … Read more