राधा है बेचैन कृष्णा बिना बरसाने में
राधा है बेचैन कृष्णा बिना बरसाने मेंनहीं कटे अब बारिश कृष्णा बिना बरसाने में।। उस दिन सूना हर पनघाट हैइतना भोला वो नटखट है।। उसकी मुरलिया में राधे राधे की रात हैबड़ी मुश्किल जुदाई है सेहनकृष्णा बीना बरसाने में।। प्रीत कृष्णा से ऐसी लागीना सोया राधा ना ही जगी।। जगी राते मन हुआ उनकिव्यकुल मानव … Read more