क्यों रूठे सबसे मेरे श्याम
क्यों रूठे सबसे मेरे श्यामहमे मंदिर बुलाये नामेरा मन प्यासा रह जायेजो दर्शन जो तेरे पाए नाक्यों रूठे सबसे मेरे श्याम।। बढ़ा जो पाप घेरातो तूने सबसे मुँह फेराप्रभु भक्ति भूला जगतो बरपा अब कहर तेराघडी ऐसी है संकट कीकरीब अपने भी आये नाक्यों रूठे सबसे मेरे श्यामहमे मंदिर बुलाये नाक्यों रूठे सबसे मेरे श्याम।। … Read more